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साइनस क्या है और उसके घरेलु नुस्खे

साइनस क्या है और इससे कैसे बचा जा सकता है ?

हेलो दोस्तों तो चलो हम बिना देर किये जानते है साइनस के बारे में साइनस एक नाक का रोग है। साइनस को ज्यादातर लोग एलर्जी के रूप में जानते है क्युकी ये अक्सर इन्ही वजह से होते हैं धुल ,मिटटी और धुआ। अगर कोई एलर्जी वाला व्यक्ति इनके कांटेक्ट में आता है तो उन्हें इनकी वजह साँस लेने में भी परेशानी होती है। और इससे उनके चेहरे पर सूजन  आ जाती है। लेकिन हमें जानना चाहिए की ये कोई सिर्फ एलर्जी नहीं है ये नाक की मुख्य बीमारी। आमधारणा ये है की इस बीमारी में नाक के अंदर की हड्डी का बढ़ जाना या तिरछा हो जाना जिसके कारण  श्वास लेने में रूकावट सी महसूस होती है ।अगर इसका सही समय पर इलाज ना किया जाए तो ये अस्थमा, दमा जैसी गंभीर बीमारियों में भी बदल सकती है।

इसको पहचाने केसे या इसके लक्षण:

जैसा कि हमने ऊपर जाना की साइनस में नाक की हड्डी का बढ या तिरछी हो जाती है जिससे कि हमें श्वास लेने में तकलीफ होती है ।साइनस में नाक तो अवरुद्ध हो ही जाता है साथ ही में नाक में कफ आदि का बहाव अधिक मात्रा में होता है।इसमें आपकी नाक बंद हो जाती है, सिरदर्द होना ,आधे शरीर में बहुत तेज़ दर्द होना,नाक से पानी गिरना आदि इस रोग के लक्षण है।इस रोग में रोगी को हल्का बुखार आंखो की दोनों पलको उपर या नीचे दोनों साइड दर्द होता है।वास्तव में साइनस होने पर साइनस की झिल्ली में सूजन आ जाती है ।
अब अगर सूजन आ जाएगी तो हवा की जगह साइनस में मवाद या बलगम आदि भर जाता है जिससे साइनस भर जाता है और हमें श्वास लेने में तकलीफ होती है।इस रोग में हमारे मुंह का स्वाद भी बिगड़ जाता है।

साइनस के प्रकार या फिर ये किस किस तरह के होते है?

इसके चार प्रकार है :
  • एक्यूट साइनस
  • है साइनस
  • क्रोनिक साइनस
  • देविएटेड साइनस

साइनस से बचने के तरीके और इसके घरेलू उपाय:

साइनस से बचने के तरीके या घरेलू उपाय होते  है जेसे :

  • हमें इससे राहत पाने का सबसे अच्छा तरीका है कि हमें रोज योग और प्राणायाम करना चाहिए जेसे अनुलोम, विलोम ।हमें श्वास से रिलेटेड योग और प्राणायाम  करनी चाहिए जिससे कि हमारे नाक और मस्तिष्क ठीक रहे
  • शुद्ध जल और शुद्ध वायु में रहे।जिसे इसकी दिक्कत है वो धूप से बचे 
  • हमें अगर तकलीफ हो रही हो उस दौरान ना ठंडे पानी से नहाएं और ना ही ज्यादा ठंडा पानी पिए मेरे हिसाब से तो जिसको साइनस से रिलेटेड दिक्कत हो उसे हमेशा गर्म (गुनगुना) पानी का सेवन करना चाहिए।
  • स्टीम या सिकाई का प्रयोग करके नाक की हमेशा सफाई करे।या फिर गर्म पानी की भाप ले इससे भी नाक की सफाई होगी।
  • इस समय हमें पानी या तरल पदार्थ का सेवन करना चाहिए जेसे गुनगुना पानी अदरक वाली चाय का सेवन करे
  • जहां तक संभव हो ज्यादा मीठे पदार्थ का सेवन ना करे
  • तुलसी का काढा भी इसमें राहत पहुंचाता है
  • शराब का सेवन और धूम्र पान से दूर रहे 
  • पर्याप्त नींद ले और सर्दी के समय कुछ समय धूप में जरूर बैठना चाहिए।


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